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-December 28, 2021

किडनी में पथरी के कारण, लक्षण और इलाज

आजकल हर दूसरा व्यक्ति किडनी में स्टोन (kidney stones)  की समस्या से जूझ रहा है, क्योंकि किडनी में पथरी अब आम हो चुकी है। किडनी को शरीर का एक अहम अंग माना जाता है क्योंकि इसका काम ब्लड को फिल्टर करना होता है। जब किडनी शरीर में मौजूद ब्लड को फिल्टर करता है तो इस दौरान सोडियम, कैल्शियम और अन्य दूसरे मिनरल्स बारीक कणों की तरह यूरेटर के ज़रिय ब्लैडर तक पहुंचते हैं और पेशाब के जरिये शरीर से बाहर निकल जाते हैं। 

अगर आप ये सोच रहे हैं कि किडनी में पथरी कैसे बनती है तो बता दें कि जब ब्लड में सोडियम, कैल्शियम और अन्य दूसरे मिनरल्स की मात्रा बढ़ जाती है तो ये किडनी में जाकर जमा हो होने लगते हैं और धीरे-धीरे पत्थर के टुकड़ों जैसा आकार ले लेते हैं, जिसे किडनी स्टोन कहते हैं।

किडनी में पथरी क्या है? (what are kidney stones?)

स्टोन एक कठोर पत्थर के टुकड़े जैसा होता है जो शरीर के भीतर मौजूद मिनरल्स और सॉल्ट से मिलकर बनता है। किडनी स्टोन छोटे दाने व खुरदरे गेंद जैसा दिखता है। यहां बात केवल किडनी स्टोन (kidney stone)  की हो रही है तो बता दूं कि किडनी स्टोन शरीर के चार भाग जैसे- पेशाब की नली, किडनी, पेशाब की थैली, पित्त की थैली आदि में हो सकती है।

किडनी स्टोन के प्रकार (types of kidney stones) -

किडनी स्टोन (kidney stones) चार प्रकार के होते हैं-

1.कैल्शियम स्टोन- कैल्शियम स्टोन को सभी पथरियों में से सामान्य समझा जाता है, ये पथरी कैल्श्यिम ऑक्सलेट से बनी होती है। जो व्यक्ति चिप्स,मूंगफली,चुकरकंद आदि का सेवन अधिक करते हैं उनमें कैल्शियम की मात्रा बढ़ जाती है जिससे कैल्शियम स्टोन होने का खतरा रहता है।

2.स्ट्रावाइट स्टोन- इस टाइप के स्टोन इन्फेक्शन पैदा करते हैं जो अधिकांश महिलाओं (Kidney stone in women)  में ही देखी जाती है। स्ट्रावाइट स्टोन का आकार काफी बड़ा होता है जिसकी वजह से पेशाब के रास्ते में रूकावट आने लगती है।

kidney stone

3.सिस्टीन स्टोन- सिस्टीन स्टोन की शिकायत उन लोगों को अधिक होती है जो अनुवांशिक रोग व सिस्टीनूरिया जैसी बीमारी के शिकार होते हैं।

4.यूरिक एसिड स्टोन- ये पथरी महिलाओं के मुकाबले पुरषों में अधिक देखी गई है, इसमें भी पेशाब के दौरान काफी दर्द होता है।

किडनी में पथरी के कारण (what causes kidney stones?)

डॉक्टर्स के अनुसार किडनी में पथरी उन लोगों को ज़्यादा होती है जो लोग खानपान का ध्यान नहीं रखते हैं या फिर ज़्यादा कोलेस्ट्रॉल वाली चीज़ें खाते हैं। साथ ही किडनी स्टोन पारिवारिक इतिहास की वजह से भी होता है। इसके अलावा भी कई ऐसे कारण हैं जिसकी वजह से किडनी में पथरी बन जाती है जैसे-

1.अनुवांशिकता

अनुवांशिकता की वजह (kidney stones causes) से भी किडनी में पथरी होने की आशंका बढ़ जाती है। अगर आपके परिवार में पहले किसी को किडनी स्टोन हुआ है तो बहुत हद तक यह संभव है की आपको भी पथरी की समस्या हो जाए। इसके अलावा अगर अभी आप किडनी मे पथरी के शिकार हैं तो ये भविष्य में और भी खतरनाक रूप ले सकता है इसलिए जितनी जल्दी हो सके डॉक्टर से संपर्क करें।

2.शरीर में पानी की कमी

शरीर में पानी की मौजूदगी ना केवल आपको हाइड्रेट रहने में मदद करती है बल्कि ये आपको तमाम तरह की बीमारियों से भी सुरक्षित रखती है। अगर आप पानी नहीं पीते हैं या पानी का सेवन कम करते हैं तो आपको किडनी स्टोन का खतरा (why do you get kidney stones)  बढ़ सकता है। इसलिए  दिनभर में करीब 8 से 10 बड़े गिलास पानी ज़रूर पीना चाहिए। 

3.अनियमित भोजन

जो लोग अनियमित तरीके से भोजन करते हैं उन लोगों को किडनी में पथरी होने का खतरा अधिक रहता है। भोजन में प्रोटीन, नमक और चीनी की मात्रा अधिक हो जाए तो ये धीरे-धीरे पथरी का रूप ले लेती है। इसिलए भोजन वही करना चाहिए जो सेहत के लिए हेल्दी और अच्छा हो।

4.थायराइड का होना

अगर कोई व्यक्ति थायराइड (thyroid) का मरीज है तो वो आसानी से पथरी रोग का भी शिकार हो सकता है। इसलिए अगर आपको लगे की आप ज़रूरत से ज़्यादा पतले हो रहे हैं या संतुलित जीवनशैली के बाद भी आप मोटे हो रहे हैं तो अपना थायराइड जांच ज़रूर करवाएं।

5.दवाइयां

ड्यूरेटिक्स और ज़्यादा कैल्शियम वाले एंटासिड लेने वाले लोगों के पेशाब के रास्ते में पथरी हो सकती है। विटामिन ए और विटामिन डी युक्त दवाइयां (kidney stone medicine) भी किडनी में पथरी का कारण बन सकती हैं। इसके अलावा जिन लोगों ने हाल ही में बाइपास सर्जरी करवाई उन्हे भी ये समस्या हो सकती है। आमतौर पर किडनी स्टोन को सर्जरी के दुष्प्रभाव के रूप में देखा जाता है।

क्या आप जानते हैं? ‘’अभी तक सबसे बड़ी पथरी 1.1 किलोग्राम की पाई गई है।’’

किडनी में पथरी के लक्षण (kidney stone symptoms)-

सबसे पहले आपको ये बता दें कि किडनी में पथरी के लक्षण तबतक महसूस नहीं होते हैं जबतक ये किडनी के भीतर मोजूद होते हैं। जब ये स्टोन यूरेटर में चले जाते हैं या इनका आकार बड़ा हो जाता है तब ये यूरेटर में फंस जाते हैं जिससे यूरीन का फ्लो रूक जाता है जो काफी दर्दनाक होता है। किडनी में पथरी के कई लक्षण (signs of kidney stones) हैं जैसे-

1.पेशाब के दौरान दर्द

पेशाब करते समय दर्द महसूस होना या ऐंठन होना किडनी में स्टोन के सबसे शुरूआती लक्षण हैं। ये दर्द और जलन तबतक बना रहता है जबतक पेशाब समाप्त ना हो जाए, इस स्थिति में पेशाब के रास्ते से खून भी आ सकता है। इसके अलावा पेशाब का रुक-रुक कर आना भी किडनी स्टोन के ही लक्षण हैं।

2.बार-बार पेशाब आना

अगर आप उन लोगों में से एक हैं जिन्हे बार-बार पेशाब आने की समस्या रहती है तो एक बार डॉक्टर से जांच ज़रूर करवाएं, क्योंकि हो सकता है आपकी किडनी में स्टोन बन रहा हो। बार-बार पेशाब (kidney stones in toilet) आने की स्थिति को कुछ लोग मौसम के बदलाव यानि सर्दी-गर्मी से जोड़ते हैं लेकिन ऐसा नहीं है, अगर आप इस समस्या से जूझ रहे हैं तो जितनी जल्दी हो सके डॉक्टर को इस बात की सूचना दें।

3.बुखार का होना

अगर कोई व्यक्ति बुखार से पीड़ित है और तमाम तरह की दवाइयों के सेवन से भी बुखार नहीं उतर रहा है तो अपनी जांच ज़रूर करवाएं क्योंकि ये किडनी में पथरी के लक्षण (kidney stone symptoms) हो सकते हैं।

4.उल्टी का आना

किडनी में पथरी होने पर कई बार मरीज़ों को उल्टी भी आती है। इसिलए बार-बार उल्टी आने की स्थिति को गंभीरता से लेना चाहिए।

5.पीठ पेट में ऐंठन

किडनी में स्टोन होने पर पीड़ित व्यक्ति के पीठ व पेट के निचले हिस्से में दर्द होता है, कभी-कभार तो ये दर्द असहनिय दर्द में बदल जाता है।

किडनी स्टोन का इलाज (kidney stones treatment)-

किडनी स्टोन के बारे में पता चलते ही जल्द से जल्द इलाज करवा लेना चाहिए क्योंकि लापरवाही होने पर पथरी का आकार बढ़ने लगता है जिसके बाद ऑपरेशन की नौबत आ जाती है। कुछ लोग किडनी स्टोन का इलाज घरेलू तरीकों से भी करते हैं, तो वहीं कुछ लोग इसके लिए एलोपैथिक इलाज (how to get rid of kidney stones) को बेहतर समझते हैं। आप किडनी स्टोन का इलाज निम्नलिखित तरीकों से कर सकते हैं -

1.दवाइयां

किडनी में पथरी के शुरूआती स्टेज में इसका इलाज दवाइयों (kidney stone medication)  से भी किया जा सकता है। दर्द में राहत के लिए डॉक्टर कुछ ऐंटीबायोटिक दवाइयां जैसे- एलोप्यूरिनॉल और ड्यूरेटिक आदि के सेवन की सलाह देते हैं।

2.यूरेटेरोस्कोपी

यूरेटेरोस्कोपी एक तरह की सर्जरी होती है जिसकी नौबत तब आती है जब पथरी पेशाब के रास्ते में फंस जाती है। ऐसी स्थिति से निपटने के लिए डॉक्टर एक उपकरण का सहारा लेते हैं जिसे यूरेटेरोस्कोपी कहा जाता है। ये एक छोटी सी तार की तरह होती है जिसमें कैमरा लगा होता है। इसे पेशाब के रास्ते से अंदर डाला जाता है और पथरी को फंसाकर निकालने के लिए जाली जैसे उपकरण का इस्तेमाल किया जाता है, उसके बाद परिक्षण के लिए लैब भेजा जाता है।

3.लिथोट्रिप्सी

इसका इस्तेमाल बड़ी पथरी को तोड़ने के लिए किया जाता है। ये प्रक्रिया काफी दर्दनाक होती है इसमें खून का रिसाव भी देखा जाता है।

4.पानी पीना

अगर आप किडनी स्टोन के शुरूआती स्टेज में हैं तो इसे देसी इलाज से भी ठीक किया जा सकता है जैसे- ज़्यादा से ज़्यादा पानी पीना। अगर आप पूरे दिन में 8 से 10 बड़े गिलास पानी पीते हैं तो पथरी (kidney stone treatment) आपके पेशाब के साथ अपने आप ही बाहर निकल आती है।

kidney stone

5.घरेलू इलाज

तमाम ऐसे लोग हैं जो पथरी को तोड़ने के लिए या निकालने के लिए घरेलू इलाज (how to prevent kidney stones)  का सहारा लेते हैं और ये काफी हद तक कारगर भी होती है। इसके लिए आप नींबू का रस, ऑलिव ऑयल, सौंफ, कुरथी दी दाल, प्याज़ का पानी और सेब के सिरका का भी सेवन कर सकते हैं।

किडनी में पथरी से बचने के उपाय

अगर आप किडनी में होने वाली पथरी से बचना चाहते हैं तो इसके लिए कुछ सावधानियों का ध्यान रखना ज़रूरी है जैसे-

1.ज़्यादा से ज़्यादा पानी पिएं।

2.फास्ट फूड व जंक फूड को नज़रअंदाज़ करें।

3.मोटापे को नियंत्रित रखें। 

4.मांस-मछली का सेवन कम करें। 

5.नमक का सेवन कम करें। 

अगर आप किडनी स्टोन की समस्या से जूझ रहे हैं या अन्य किसी बीमारी से पीड़ित हैं तो ऐसे में बेहतर व सस्ते इलाज के लिए मेडफो के हेल्पलाइन नंबर 88569-88569 पर कॉल कर सकते हैं और डॉयरेक्ट अनुभवी डॉक्टर्स से सलाह ले सकते हैं। क्योंकि हम आपसे #BsEkCall दूर हैं।